लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हुए भीषण अग्निकांड के बाद प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। हादसे में 15 लोगों की मौत वाली चार मंजिला इमारत को सुरक्षा मानकों के तहत गिराया जा रहा है। इस दौरान किसी भी तरह की अप्रिय घटना से बचने के लिए पूरे इलाके में कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।
प्रशासन के अनुसार, इमारत को ध्वस्त करने की प्रक्रिया के दौरान आसपास के सभी प्रमुख रास्तों को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है। साथ ही यातायात को वैकल्पिक मार्गों से डायवर्ट किया गया है, ताकि राहत और ध्वस्तीकरण कार्य बिना किसी बाधा के पूरा किया जा सके।
सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए मौके पर 100 से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। इसके अलावा प्रशासन, नगर निगम, दमकल विभाग और अन्य संबंधित एजेंसियों की टीमें भी पूरे अभियान की निगरानी कर रही हैं।
अधिकारियों का कहना है कि इमारत आग लगने के बाद गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गई थी और इसे खतरनाक घोषित किया गया था। विशेषज्ञों की सलाह के बाद इसे नियंत्रित तरीके से गिराने का निर्णय लिया गया, ताकि आसपास की इमारतों और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
प्रशासन ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि वे ध्वस्तीकरण अभियान पूरा होने तक प्रतिबंधित क्षेत्र से दूर रहें और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। पूरे अभियान पर वरिष्ठ अधिकारी लगातार नजर बनाए हुए हैं।








